निशुंभ का अंत — चंडिका का वो एक प्रहार जिसने सब बदल दिया | Part 6
दुर्गा सप्तशती के अनुसार, रक्तबीज वध के बाद निशुंभ ने अपनी संपूर्ण असुर सेना के साथ देवी चंडिका पर अंतिम आक्रमण किया। चंडिका ने निशुंभ के समस्त अस्त्र-शस्त्र — तलवार, ढाल, भाला और गदा — एक-एक करके नष्ट कर दिए और अंततः अपने दिव्य अस्त्र से उसके हृदय को भेद दिया। निशुंभ के हृदय से एक और शक्तिशाली योद्धा प्रकट हुआ, किंतु देवी ने उसे भी एक ही प्रहार में समाप्त कर दिया — यह प्रसंग देवी की अपराजेय शक्ति का प्रमाण है। #देवी #दुर्गा #निशुंभवध #चंडिका #दुर्गासप्तशती #असुरसंहार #पौराणिककथा #शुंभनिशुंभ #देवीमाहात्म्य
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