रावण के 10 सिर — श्रीराम ने असल में किसका वध किया? 🔱
रावण के दस सिर केवल शारीरिक नहीं, बल्कि मनुष्य के भीतर छिपी दस बुराइयों — अहंकार, क्रोध, लोभ, ईर्ष्या, मोह, वासना, घमंड, स्वार्थ, घृणा और ज्ञान के दुरुपयोग — के प्रतीक माने जाते हैं। रावण महान विद्वान और शक्तिशाली होने के बावजूद अधर्म के मार्ग पर चला, जो यह सिद्ध करता है कि ज्ञान के साथ विवेक और मर्यादा का होना भी अनिवार्य है। श्रीराम की विजय इस बात का संदेश देती है कि शक्ति से बड़ा धर्म है और सच्चा दशहरा तब मनाया जाता है जब मनुष्य अपने भीतर की बुराइयों पर विजय प्राप्त करता है। #दशहरा #रामायण #रावण #रावणकेदससिर #सनातनधर्म #हिंदूदर्शन #आत्मविजय #Dussehra #जयश्रीराम
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